बीकानेर। पंचायतीराज चुनावों से पहले राजस्थान की सियासत में बयानबाजी तेज हो गई है। राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के सुप्रीमो हनुमान बेनीवाल ने बीकानेर के सर्किट हाउस में कांग्रेस और भाजपा पर निशाना साधा। बेनीवाल ने एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी के उस बयान का समर्थन किया, जिसमें दोनों प्रमुख दलों पर मुस्लिम समाज को पर्याप्त राजनीतिक प्रतिनिधित्व नहीं देने का आरोप लगाया गया था। बेनीवाल ने कहा कि कांग्रेस और भाजपा ने लंबे समय तक मुस्लिम समाज के वोट लिए, लेकिन राजनीतिक भागीदारी के मामले में अपेक्षित प्रतिनिधित्व नहीं दिया।
उन्होंने बीकानेर नगर निगम चुनाव का उदाहरण देते हुए कहा कि कांग्रेस महापौर का चुनाव जीतने में सफल रही, लेकिन बहुमत होने के बावजूद उसकी मुस्लिम महिला प्रत्याशी उपमहापौर पद पर जीत दर्ज नहीं कर सकी। बेनीवाल ने इसे बड़े राजनीतिक दलों की कथनी और करनी के बीच अंतर का उदाहरण बताया।
आरएलपी सुप्रीमो ने मुस्लिम मतदाताओं से अपनी पार्टी के साथ आने की अपील करते हुए कहा कि यदि कांग्रेस के परंपरागत वोट बैंक का बड़ा हिस्सा आरएलपी के साथ जुड़ता है तो राजस्थान की राजनीति में बदलाव देखने को मिल सकता है। उन्होंने दावा किया कि मुस्लिम समाज का समर्थन मिलने पर आरएलपी 125 सीटों तक जीतने की स्थिति में पहुंच सकती है। पंचायतीराज चुनावों से ठीक पहले बेनीवाल के इस बयान ने प्रदेश की सियासत में चर्चाओं को तेज कर दिया है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि चुनावी मैदान में सामाजिक और जातीय समीकरणों के साथ अल्पसंख्यक मतदाताओं की भूमिका किस तरह सामने आती है।







