बीकानेर। साहित्य जगत के लिए गर्व की खबर है। बीकानेर के युवा कवि एवं साहित्यकार रोशन बाफना को इस वर्ष राजस्थानी भाषा के प्रतिष्ठित ओम पुरोहित ‘कागद’ युवा सम्मान से सम्मानित किया जाएगा। कागद फाउंडेशन ने वार्षिक बैठक के बाद इस सम्मान की घोषणा की।
यह सम्मान दिवंगत वरिष्ठ साहित्यकार ओम पुरोहित ‘कागद’ की स्मृति में प्रतिवर्ष राजस्थानी भाषा के साहित्य में उल्लेखनीय योगदान देने वाले देश के एक युवा साहित्यकार को प्रदान किया जाता है। इस वर्ष रोशन बाफना का चयन उनकी राजस्थानी काव्य कृति ‘इत्ती सी तो बात है’ के लिए किया गया है, जो आधुनिक राजस्थानी कविताओं का संग्रह है। रोशन बाफना इससे पहले इसी कृति के लिए डेह (नागौर) में आयोजित समारोह में नारायण दास टोगसिया पुरस्कार से भी सम्मानित हो चुके हैं। वे हिंदी और राजस्थानी दोनों भाषाओं में गीत एवं कविताएं लिखते हैं। कागद फाउंडेशन के अनुसार यह सम्मान 12 अगस्त को हनुमानगढ़ स्थित एसकेडी यूनिवर्सिटी में आयोजित भव्य समारोह में प्रदान किया जाएगा। समारोह में देशभर के साहित्यकार और साहित्य प्रेमी शामिल होंगे। सम्मान की घोषणा के बाद साहित्यकारों, समाजसेवियों और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े लोगों ने रोशन बाफना को शुभकामनाएं दीं। वरिष्ठ साहित्यकार मधु आचार्य ‘आशावादी’ ने कहा कि यह सम्मान युवा साहित्यकारों की प्रतिभा को नई ऊर्जा देगा, जबकि समाजसेवी डीपी पचीसिया ने समाज के संतुलन और उत्थान में युवा साहित्यकारों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।








